दमोह। भ्रष्टाचार के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत लोकायुक्त सागर की टीम ने दमोह जिले की तेजगढ़ ग्राम पंचायत में बड़ी ट्रैप कार्रवाई करते हुए पंचायत सचिव एवं चौकीदार को रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। कार्रवाई रविवार 11 मई 2026 को लोकायुक्त महानिदेशक योगेश देशमुख के निर्देश तथा उप पुलिस महानिरीक्षक मनोज सिंह के मार्गदर्शन में संपन्न हुई।
लोकायुक्त की इस कार्रवाई के बाद पूरे क्षेत्र में हड़कंप की स्थिति बन गई। ग्राम पंचायत तेजगढ़ में लंबे समय से विकास कार्यों एवं हितग्राही मूलक योजनाओं में अनियमितताओं और भ्रष्टाचार की चर्चाएं लगातार सामने आती रही थीं। ग्रामीणों के बीच यह मामला काफी समय से चर्चा का विषय बना हुआ था। स्थानीय स्तर पर पंचायत सचिव के खिलाफ कई बार शिकायतें और आरोप लगाए जाते रहे, हालांकि इस बार लोकायुक्त की कार्रवाई के बाद मामला खुलकर सामने आ गया।
प्रधानमंत्री आवास योजना की किश्त के नाम पर मांगी जा रही थी रिश्वत
लोकायुक्त से मिली जानकारी के अनुसार तेजगढ़ निवासी महेन्द्र कोष्टी ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उनकी पत्नी उषा कोष्टी के नाम प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास स्वीकृत हुआ है। आवास की दूसरी किश्त जारी करने तथा जियो टैगिंग कराने के एवज में पंचायत सचिव जुगराज सिंह द्वारा रिश्वत की मांग की जा रही थी।
शिकायत में बताया गया कि सचिव द्वारा कुल 10 हजार रुपये रिश्वत मांगी गई थी। हितग्राही आर्थिक रूप से कमजोर होने के कारण परेशान था और लगातार पंचायत के चक्कर लगाने को मजबूर हो रहा था। इसके बाद उसने लोकायुक्त कार्यालय सागर पहुंचकर पूरे मामले की शिकायत दर्ज कराई।
सत्यापन में सही पाई गई शिकायत

लोकायुक्त पुलिस द्वारा शिकायत मिलने के बाद मामले का सत्यापन कराया गया। जांच के दौरान यह पुष्टि हुई कि आरोपी सचिव पहले ही 4 हजार रुपये रिश्वत के रूप में ले चुका था। इसके बाद शेष राशि देने के लिए दबाव बनाया जा रहा था।
बताया जा रहा है कि प्रधानमंत्री आवास योजना की किश्त जारी करने के लिए हितग्राहियों से सुविधा शुल्क मांगने की शिकायतें ग्रामीण क्षेत्र में पहले भी सुनने को मिलती रही हैं। लोकायुक्त कार्रवाई के बाद अब ग्रामीणों के बीच पंचायत व्यवस्था और योजनाओं के क्रियान्वयन को लेकर नई चर्चाएं शुरू हो गई हैं।
6 हजार रुपये लेते हुए रंगे हाथों दबोचे गए आरोपी
रविवार को लोकायुक्त सागर की टीम ने योजनाबद्ध तरीके से ग्राम पंचायत तेजगढ़ में ट्रैप कार्रवाई की। इस दौरान पंचायत सचिव जुगराज सिंह एवं चौकीदार गुड्डा रैकवार को 6 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया गया। कार्रवाई के दौरान लोकायुक्त टीम ने आवश्यक दस्तावेजी प्रक्रिया भी पूरी की।
दोनों आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर अग्रिम कार्रवाई की जा रही है। कार्रवाई के बाद पंचायत कार्यालय परिसर में लोगों की भीड़ लग गई और पूरे क्षेत्र में घटना चर्चा का विषय बनी रही।
ग्रामीणों के बीच पहले से चर्चा में था सचिव
स्थानीय लोगों का कहना है कि ग्राम पंचायत तेजगढ़ में लंबे समय से योजनाओं के संचालन को लेकर सवाल उठते रहे हैं। पंचायत सचिव के कार्यकाल को लेकर भी ग्रामीणों में असंतोष की स्थिति बताई जा रही थी। विभिन्न निर्माण कार्यों, भुगतान प्रक्रिया और हितग्राही योजनाओं में लेनदेन की चर्चाएं समय-समय पर सामने आती रही थीं। हालांकि आधिकारिक स्तर पर इन मामलों की पुष्टि नहीं हुई थी, लेकिन लोकायुक्त की कार्रवाई के बाद पुराने आरोपों की चर्चाएं फिर तेज हो गई हैं।
इन अधिकारियों ने की कार्रवाई
पूरी ट्रैप कार्रवाई निरीक्षक मंजू किरण तिर्की एवं निरीक्षक रंजीत सिंह के नेतृत्व में लोकायुक्त सागर की टीम द्वारा की गई। कार्रवाई में लोकायुक्त संगठन का अन्य स्टाफ भी मौजूद रहा।
आरोपी
- जुगराज सिंह — सचिव, ग्राम पंचायत तेजगढ़
- गुड्डा रैकवार — चौकीदार, ग्राम पंचायत तेजगढ़
प्रमुख बिंदु
- प्रधानमंत्री आवास योजना की दूसरी किश्त जारी कराने के नाम पर रिश्वत मांगने का मामला
- कुल 10 हजार रुपये रिश्वत की मांग
- सत्यापन में 4 हजार रुपये पहले लेने की पुष्टि
- 6 हजार रुपये लेते समय लोकायुक्त ने रंगे हाथों पकड़ा
- पंचायत सचिव पर पहले से भ्रष्टाचार के आरोपों की चर्चाएं
- ग्राम पंचायत तेजगढ़, जिला दमोह में हुई कार्रवाई
