दमोह/मध्य प्रदेश सरकार और पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर प्रदेशभर में नशे के अवैध कारोबार के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान “ऑपरेशन क्लीन” के तहत दमोह कोतवाली पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने सुनियोजित कार्रवाई करते हुए उड़ीसा से आए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 35 किलो 100 ग्राम अवैध मादक पदार्थ गांजा बरामद किया है। जब्त किए गए गांजे की अनुमानित बाजार कीमत 8 लाख 77 हजार 500 रुपये बताई गई है। इस कार्रवाई को जिले में नशे के नेटवर्क के खिलाफ बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले में बढ़ते मादक पदार्थों के अवैध कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाने और युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाने के उद्देश्य से लगातार निगरानी और विशेष अभियान चलाए जा रहे हैं। इसी क्रम में थाना कोतवाली पुलिस को मुखबिर के माध्यम से सूचना प्राप्त हुई थी कि कुछ संदिग्ध व्यक्ति बड़ी मात्रा में गांजा लेकर दमोह क्षेत्र में मौजूद हैं और इसकी सप्लाई की तैयारी कर रहे हैं।
सूचना को गंभीरता से लेते हुए थाना प्रभारी कोतवाली के नेतृत्व में एक विशेष पुलिस टीम का गठन किया गया। पुलिस टीम ने 23 एवं 24 जून 2026 की मध्य रात्रि में सीताबावली मरघटा के पास स्थित विद्युत मंडल सब स्टेशन के सामने पहुंचकर घेराबंदी की। पुलिस को देखकर आरोपी भागने का प्रयास करने लगे, लेकिन सतर्क पुलिस टीम ने उन्हें मौके पर ही पकड़ लिया।
तलाशी में मिला 35 किलो से अधिक गांजा
गिरफ्तार किए गए आरोपियों की विधिवत तलाशी लेने पर उनके कब्जे से कुल 35 किलो 100 ग्राम अवैध मादक पदार्थ गांजा बरामद हुआ। पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई पूरी करते हुए मादक पदार्थ को जब्त कर लिया। बरामद गांजे की कीमत लगभग 8 लाख 77 हजार 500 रुपये आंकी गई है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार इतनी बड़ी मात्रा में गांजा मिलने से यह स्पष्ट संकेत मिलते हैं कि आरोपी केवल उपभोक्ता नहीं बल्कि संगठित रूप से मादक पदार्थों की तस्करी और सप्लाई से जुड़े हो सकते हैं। पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि गांजा कहां से लाया गया था और इसकी सप्लाई जिले अथवा प्रदेश के किन क्षेत्रों में की जानी थी।
उड़ीसा के रहने वाले हैं तीनों आरोपी
पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान इस प्रकार हुई है—
- मिथुन नाग, पिता गोपाल नाग, उम्र 27 वर्ष
- लालू हरिपाल, पिता राजेन्द्र हरिपाल, उम्र 45 वर्ष
- प्रशांत नाग, पिता गोपाल नाग, उम्र 22 वर्ष
तीनों आरोपी ग्राम किरकिची, थाना मानमुंडा, जिला बौद्ध (उड़ीसा) के निवासी बताए गए हैं।
एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज हुआ मामला
पुलिस ने आरोपियों के विरुद्ध थाना कोतवाली दमोह में अपराध क्रमांक 604/2026 दर्ज किया है। आरोपियों पर धारा 8/20 एनडीपीएस एक्ट तथा धारा 3(5) भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर उन्हें विधिवत गिरफ्तार किया गया है। मामले की जांच पुलिस सहायता केन्द्र बजरिया एवं थाना कोतवाली पुलिस द्वारा की जा रही है।
तस्करी नेटवर्क के संबंध में जुटाई जा रही जानकारी
पुलिस सूत्रों के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के दौरान कई महत्वपूर्ण जानकारियां मिलने की संभावना है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि क्या आरोपियों के तार किसी अंतरराज्यीय तस्करी गिरोह से जुड़े हुए हैं। यदि पूछताछ में अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आती है तो उनके विरुद्ध भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
नशे के कारोबार पर लगातार सख्ती
दमोह पुलिस द्वारा हाल के दिनों में नशे के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जिले में मादक पदार्थों की बिक्री, परिवहन और तस्करी में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। युवाओं को नशे से दूर रखने तथा समाज को सुरक्षित बनाने के लिए इस प्रकार की कार्रवाई आगे भी निरंतर जारी रहेगी।
पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका
इस पूरी कार्रवाई को सफल बनाने में थाना कोतवाली दमोह पुलिस स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस अधिकारियों ने टीम के सदस्यों की तत्परता, सूझबूझ और सक्रियता की सराहना करते हुए कहा कि उनके प्रयासों से बड़ी मात्रा में मादक पदार्थ जब्त कर जिले में नशे के कारोबार को बड़ा झटका दिया गया है।
