दमोह पुलिस का बड़ा अभियान: नियम तोड़ने वालों पर सख्ती, 7 पुलिसकर्मियों सहित 26 वाहन चालकों के कटे चालान, ₹15,300 का समन शुल्क वसूला
दमोह। सड़क सुरक्षा को लेकर दमोह पुलिस लगातार सख्त रुख अपनाए हुए है। पुलिस मुख्यालय के निर्देशानुसार जिले में यातायात नियमों का प्रभावी पालन सुनिश्चित करने, सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने तथा वाहन चालकों में यातायात नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से विशेष वाहन चेकिंग अभियान चलाया गया। यह अभियान पुलिस अधीक्षक आनंद कलादगि (भा.पु.से.) के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुजीत सिंह भदौरिया के मार्गदर्शन में जिलेभर के विभिन्न थाना क्षेत्रों और प्रमुख मार्गों पर संचालित किया गया।
अभियान की सबसे महत्वपूर्ण विशेषता यह रही कि दमोह पुलिस ने कानून के समक्ष सभी को समान मानते हुए अपने ही विभाग के पुलिस कर्मियों पर भी कार्रवाई करने में कोई संकोच नहीं किया। विशेष जांच के दौरान बिना हेलमेट दोपहिया वाहन चलाते पाए गए 07 पुलिस कर्मियों के विरुद्ध मोटरयान अधिनियम के तहत चालानी कार्रवाई की गई। इन सात वाहनों के चालान काटते हुए 2,100 रुपये का समन शुल्क वसूल किया गया। इस कार्रवाई ने यह स्पष्ट संदेश दिया कि सड़क सुरक्षा के नियम केवल आम नागरिकों के लिए नहीं, बल्कि पुलिस कर्मियों सहित सभी पर समान रूप से लागू होते हैं।
पुलिस अधीक्षक आनंद कलादगि ने सड़क सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए कहा कि पुलिस स्वयं नियमों का पालन करेगी, तभी आमजन में नियमों के प्रति विश्वास और अनुशासन विकसित होगा। इसलिए किसी भी पुलिस कर्मचारी को नियमों के उल्लंघन पर विशेष छूट नहीं दी जाएगी।
इसी क्रम में पुलिस मुख्यालय द्वारा संचालित विशेष वाहन चेकिंग अभियान के तहत जिले के प्रमुख चौराहों, राष्ट्रीय एवं राज्य मार्गों तथा व्यस्त बाजार क्षेत्रों में वाहनों की सघन जांच की गई। यातायात पुलिस ने ऐसे वाहनों पर विशेष निगरानी रखी जिनमें नियमों के विपरीत अनाधिकृत हूटर, सायरन, लाल, पीली एवं नीली फ्लैश लाइट, VIP, Government अथवा अन्य सरकारी स्टीकर लगाए गए थे। इसके अलावा बिना हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (HSRP) वाले वाहन, परिवर्तित अथवा अमानक नंबर प्लेट, नियमों के विरुद्ध ब्लैक फिल्म लगे वाहन तथा अन्य यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों की भी जांच की गई।
अभियान के दौरान पुलिस ने 26 वाहनों के विरुद्ध मोटर वाहन अधिनियम के तहत चालानी कार्रवाई करते हुए 13,200 रुपये का समन शुल्क वसूल किया। इस प्रकार पूरे अभियान में पुलिस कर्मियों एवं अन्य वाहन चालकों सहित कुल 33 चालान बनाए गए तथा 15,300 रुपये का समन शुल्क वसूला गया।
जांच के दौरान यातायात पुलिस ने केवल कार्रवाई ही नहीं की, बल्कि वाहन चालकों को सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक भी किया। पुलिस अधिकारियों ने लोगों को हेलमेट पहनने, सीट बेल्ट लगाने, मानक नंबर प्लेट का उपयोग करने, यातायात संकेतों का पालन करने तथा वाहन पर किसी भी प्रकार के अनाधिकृत हूटर, सायरन, फ्लैश लाइट एवं सरकारी पहचान चिन्हों का उपयोग नहीं करने की समझाइश दी।
यातायात पुलिस ने स्पष्ट किया कि विशेषाधिकार प्राप्त वाहनों को छोड़कर किसी भी निजी वाहन पर हूटर, फ्लैश लाइट, VIP अथवा Government स्टीकर लगाना नियमों का उल्लंघन है। ऐसा पाए जाने पर मोटर वाहन अधिनियम के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने यह भी कहा कि ब्लैक फिल्म लगे वाहन अपराध की दृष्टि से भी संवेदनशील होते हैं, इसलिए ऐसे वाहनों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली अधिकांश मौतें हेलमेट एवं सीट बेल्ट का उपयोग नहीं करने के कारण होती हैं। हेलमेट दुर्घटना की स्थिति में सिर को गंभीर चोटों से बचाने का सबसे प्रभावी सुरक्षा साधन है। इसलिए प्रत्येक दोपहिया वाहन चालक और पीछे बैठने वाले व्यक्ति को भी हेलमेट पहनना चाहिए।
दमोह पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे स्वयं यातायात नियमों का पालन करें और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करें। सुरक्षित यात्रा केवल पुलिस की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का दायित्व है। नियमों का पालन कर न केवल चालान से बचा जा सकता है, बल्कि अपने और अपने परिवार के जीवन की भी सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकती है।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सड़क सुरक्षा को लेकर यह विशेष अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। नियमों का उल्लंघन करने वाले किसी भी व्यक्ति के विरुद्ध बिना किसी भेदभाव के वैधानिक कार्रवाई की जाएगी, ताकि जिले में अनुशासित, सुरक्षित और जिम्मेदार यातायात व्यवस्था स्थापित की जा सके।
