भिलाई/दुर्ग/ निजामुद्दीन-दुर्ग हमसफर एक्सप्रेस (22868) में कार्यरत एक एसी कोच अटेंडेंट को अवैध विदेशी शराब के साथ गिरफ्तार किया गया है। यह कार्रवाई आरपीएफ दुर्ग और आबकारी विभाग की संयुक्त टीम द्वारा की गई, जिससे रेलवे में अवैध तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान को बड़ी सफलता मिली है।आरपीएफ से मिली जानकारी के अनुसार, मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई थी कि ट्रेन में अवैध शराब की तस्करी की जा रही है। सूचना के आधार पर आरपीएफ दुर्ग और आबकारी विभाग की टीम ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए ट्रेन के दुर्ग स्टेशन पहुंचने पर कोच बी-7 में तैनात अटेंडेंट रीमन दास के सामान की तलाशी ली।तलाशी के दौरान आरोपी के बैग से 12.236 बल्क लीटर विदेशी शराब बरामद की गई, जिसमें व्हिस्की, वोडका और बियर कैन शामिल हैं। पूछताछ के दौरान आरोपी कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका, जिसके बाद मौके पर ही उसके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की गई।आबकारी विभाग ने आरोपी के खिलाफ छत्तीसगढ़ आबकारी अधिनियम की धारा 34(2) के तहत प्रकरण दर्ज किया है। आरपीएफ अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि रेलवे के माध्यम से हो रही अवैध तस्करी पर लगातार नजर रखी जा रही है और ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। आरोपी को 13 अप्रैल को न्यायालय में प्रस्तुत किया जाएगा।
पहले भी सामने आ चुके हैं ऐसे मामले
हाल ही में रायपुर रेलवे स्टेशन पर भी बड़ी कार्रवाई करते हुए वंदे भारत एक्सप्रेस से दो युवतियों को गिरफ्तार किया गया था। उनके पास से करीब 24 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ था, जिसे वे सूटकेस में छिपाकर ले जा रही थीं।सूत्रों के अनुसार, तस्कर अब सुरक्षा एजेंसियों की नजर से बचने के लिए प्रीमियम ट्रेनों के एसी कोच का इस्तेमाल कर रहे हैं, क्योंकि उन्हें लगता है कि इन कोचों में जांच अपेक्षाकृत कम होती है। हालांकि, सुरक्षा एजेंसियों ने अब ऐसे तरीकों पर भी सख्ती बढ़ा दी है।
सख्त संदेश
इस कार्रवाई से स्पष्ट है कि रेलवे और सुरक्षा एजेंसियां अवैध शराब और मादक पदार्थों की तस्करी को लेकर पूरी तरह सतर्क हैं। तस्करों के लिए यह साफ संदेश है कि किसी भी तरह की गैरकानूनी गतिविधि पर कड़ी नजर रखी जा रही है और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
