11 महीनों में 39.07 मिलियन टन माल लदान, रेलवे को मिले 3827 करोड़ से अधिक का ऐतिहासिक राजस्व
जबलपुर/पश्चिम मध्य रेलवे के अंतर्गत आने वाले जबलपुर रेल मंडल ने चालू वित्तीय वर्ष 2025-26 में माल लदान और राजस्व अर्जन के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। मंडल ने तीनों रेल मंडलों में सर्वाधिक वाणिज्यिक आय अर्जित कर शीर्ष स्थान प्राप्त किया है, जो मंडल के अधिकारियों और कर्मचारियों की कार्यकुशलता तथा समर्पण का प्रमाण माना जा रहा है।इस सफलता का श्रेय मंडल रेल प्रबंधक कमल कुमार तलरेजा के मार्गदर्शन और वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक डॉ. मधुर वर्मा के नेतृत्व को दिया जा रहा है। वाणिज्य विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच बेहतर समन्वय, योजनाबद्ध रणनीति और निरंतर प्रयासों के चलते मंडल के रेल राजस्व में लगातार वृद्धि दर्ज की गई है।
फरवरी माह में भी शानदार प्रदर्शन
चालू वित्तीय वर्ष के 11वें माह में भी मंडल का प्रदर्शन प्रभावशाली रहा। 1 फरवरी 2026 से 28 फरवरी 2026 के बीच जबलपुर रेल मंडल ने लगभग 3.86 मिलियन टन माल लदान किया। इस उपलब्धि से मंडल को 391.17 करोड़ रुपये से अधिक का रेल राजस्व प्राप्त हुआ, जो उल्लेखनीय उपलब्धि मानी जा रही है।
11 महीनों में ऐतिहासिक आय
वित्तीय वर्ष 1 अप्रैल 2025 से 28 फरवरी 2026 तक की अवधि में मंडल ने कुल 39.07 मिलियन टन माल लदान किया। इसके परिणामस्वरूप रेलवे को 3827.03 करोड़ रुपये का महत्वपूर्ण राजस्व प्राप्त हुआ है। यह उपलब्धि मंडल के इतिहास में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर मानी जा रही है और इससे रेलवे के आर्थिक सुदृढ़ीकरण को भी बल मिला है।
यात्री सुविधाओं और ग्राहक संतुष्टि पर भी जोर
जबलपुर रेल मंडल माल ढुलाई के साथ-साथ यात्री सुविधाओं के विकास पर भी लगातार ध्यान दे रहा है। मंडल के विभिन्न स्टेशनों पर सुविधाओं को बेहतर बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं। साथ ही व्यापारियों और औद्योगिक इकाइयों को माल परिवहन में समयबद्ध, भरोसेमंद और शिकायत-रहित सेवाएं देने के लिए भी विशेष कदम उठाए जा रहे हैं।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, बेहतर लॉजिस्टिक व्यवस्था, परिचालन दक्षता और ग्राहक संतुष्टि को प्राथमिकता देते हुए मंडल भविष्य में भी राजस्व वृद्धि और सेवा सुधार की दिशा में निरंतर प्रयास करता रहेगा।
