राज्यमंत्री धर्मेन्द्र सिंह लोधी बोले- अमर शहीद किसी एक समाज के नहीं होते, उनके बलिदान से सभी समाजों को प्रेरणा मिलती है; सांसद राहुल सिंह लोधी ने बच्चों के भविष्य पर दिया जोर

(डॉ.एल.एन.वैष्णव)
दमोह। वीरांगना रानी अवंती बाई लोधी की 195वीं जन्म जयंती के अवसर पर रविवार को दमोह में देशभक्ति से सराबोर कार्यक्रम आयोजित किए गए। सुबह नोहटा में रानी अवंती बाई की प्रतिमा पर माल्यार्पण से कार्यक्रम की शुरुआत हुई। इसके बाद बड़ी संख्या में लोगों के साथ तिरंगा रैली दमोह के लिए रवाना हुई। तेज बारिश के बावजूद लोगों का उत्साह कम नहीं हुआ और तिरंगा हाथों में लेकर लोग रैली में शामिल हुए।दमोह में तहसील मैदान से विशाल तिरंगा यात्रा निकाली गई। राज्यमंत्री धर्मेन्द्र सिंह लोधी और सांसद राहुल सिंह लोधी की अगुवाई में निकली यात्रा शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए जटाशंकर स्थित वीरांगना रानी अवंती बाई की प्रतिमा स्थल पहुंची। यात्रा में युवा, महिलाएं और विभिन्न समाजों के लोग बड़ी संख्या में शामिल हुए। पूरे रास्ते देशभक्ति का माहौल दिखाई दिया।जटाशंकर पहुंचने के बाद राज्यमंत्री धर्मेन्द्र सिंह लोधी, सांसद राहुल सिंह लोधी, हटा विधायक उमा देवी खटीक सहित अन्य जनप्रतिनिधियों और अतिथियों ने रानी अवंती बाई की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद मंचीय कार्यक्रम शुरू हुआ। कार्यक्रम में रानी अवंती बाई के जीवन, संघर्ष और बलिदान को याद करते हुए वक्ताओं ने उनके व्यक्तित्व से प्रेरणा लेने की बात कही।
अमर शहीद किसी एक समाज के नहीं होते- धर्मेन्द्र सिंह लोधी

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रदेश के संस्कृति, पर्यटन, धर्मस्व एवं धार्मिक न्यास विभाग के राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार धर्मेन्द्र सिंह लोधी ने कहा कि अमर शहीद कभी किसी एक समाज के नहीं हुआ करते। उनके योगदान और बलिदान से सभी समाजों को प्रेरणा लेने का काम करना चाहिए।उन्होंने कहा कि रानी अवंती बाई का जीवन देशभक्ति और साहस की मिसाल है। देश के इतिहास में चंद्रशेखर आजाद, रानी दुर्गावती, झलकारी बाई और रानी अवंती बाई जैसी अनेक वीर विभूतियों के उदाहरण हैं, जिन्होंने कठिन परिस्थितियों में देश के लिए संघर्ष किया।राज्यमंत्री ने कहा कि जब-जब देश पर संकट आया, वीरों और वीरांगनाओं ने सामने आकर उसका मुकाबला किया। रानी अवंती बाई ने भी अंग्रेजी शासन के खिलाफ संघर्ष करते हुए अदम्य साहस दिखाया। उन्होंने कहा कि रानी का पराक्रम कम उम्र में ही सामने आया और उन्होंने अंग्रेजों को चुनौती दी।धर्मेन्द्र सिंह लोधी ने कहा कि रानी अवंती बाई का नाम लेते ही देशभक्ति की भावना जागती है। उनके जीवन से प्रेरणा लेकर देश, समाज और राष्ट्र के लिए काम करने की भावना पैदा होती है। उन्होंने आयोजन समिति और कार्यक्रम को सफल बनाने में जुटे समाज के सभी लोगों को बधाई दी।उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन केवल किसी एक व्यक्ति या समाज के नहीं होते। इनका उद्देश्य अपने अमर शहीदों को याद करना और आने वाली पीढ़ी को उनके संघर्ष से परिचित कराना है। कार्यक्रम में प्रस्तुत नशामुक्ति नाट्य कार्यक्रम की भी उन्होंने सराहना की।
समाज की उन्नति के लिए बच्चों के भविष्य पर ध्यान देना जरूरी- राहुल सिंह लोधी
दमोह सांसद राहुल सिंह लोधी ने कहा कि यदि समाज सही दिशा में काम करता है तो उसकी उन्नति तय है। समाज के लोगों को अपने बच्चों के भविष्य की चिंता करनी होगी। बच्चों को अच्छी शिक्षा और सही दिशा मिलेगी तो बेहतर समाज का निर्माण होगा।उन्होंने कहा कि वीरांगना रानी अवंती बाई लोधी की जयंती और बलिदान दिवस गांव-गांव में मनाया जाना चाहिए। इसके लिए एक निश्चित तिथि, समय और स्थान तय होना चाहिए, ताकि हर वर्ष नई पीढ़ी उनके जीवन और बलिदान को याद कर सके।सांसद ने कहा कि रानी अवंती बाई का जन्मोत्सव हर वर्ष नए स्वरूप और अधिक भव्यता के साथ आयोजित किया जाएगा। दमोह जिले में रानी अवंती बाई की दो प्रतिमाएं स्थापित हैं। जटाशंकर में जन्मोत्सव और नोहटा में बलिदान दिवस का आयोजन किए जाने की परंपरा आगे भी जारी रहेगी।उन्होंने आयोजन समिति की भी सराहना की और कहा कि पिछले एक माह से समिति के सदस्य कार्यक्रम की तैयारियों में जुटे हुए थे।
रानी अवंती बाई से देश की आन-बान-शान के लिए समर्पण की प्रेरणा लें- उमा देवी खटीक
हटा विधायक उमा देवी खटीक ने रानी अवंती बाई के जयकारे के साथ अपना संबोधन शुरू किया। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम में रानी अवंती बाई के जीवन पर आधारित प्रस्तुतियों को देखकर उनके बारे में कई महत्वपूर्ण बातें जानने को मिलीं।उन्होंने कहा कि रानी अवंती बाई का जीवन महिलाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उनसे प्रेरणा लेकर महिलाओं को देश की आन-बान-शान के लिए हमेशा समर्पित रहने की भावना विकसित करनी चाहिए।
रानी अवंती बाई सर्व समाज की गौरव- श्याम शिवहरे
भाजपा जिलाध्यक्ष श्याम शिवहरे ने आयोजन समिति को धन्यवाद देते हुए कहा कि रानी अवंती बाई को सर्व समाज की गौरवगाथा के रूप में प्रस्तुत किया गया है। उन्होंने कहा कि वीरांगना रानी अवंती बाई केवल लोधी समाज की नहीं, बल्कि पूरे समाज की वीरांगना थीं।उन्होंने कहा कि रानी ने आदिवासियों सहित विभिन्न समाजों के लोगों के साथ मिलकर संघर्ष किया। उनका जीवन पूरे समाज के लिए गौरव का विषय है। रानी अवंती बाई के जीवन से यह भी स्पष्ट होता है कि देश के गौरवशाली इतिहास में महिलाओं की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण रही है।
सभी समाजों के लिए काम करने की बात कही
कार्यक्रम में अध्यक्ष भाव सिंह लोधी ने कहा कि समाज के लोगों ने उन्हें जो जिम्मेदारी दी है, उसका उद्देश्य किसी एक वर्ग तक सीमित रहना नहीं है। उन्होंने कहा कि रानी अवंती बाई ने किसी एक समाज के लिए लड़ाई नहीं लड़ी थी, बल्कि उनका संघर्ष सर्व समाज और देश के लिए था।उन्होंने कहा कि रानी अवंती बाई के पदचिह्नों पर चलते हुए जरूरतमंद लोगों की मदद करना उनका उद्देश्य है। समाज के साथ-साथ सभी वर्गों के लोगों के लिए काम किया जाना चाहिए।
रानी के शौर्य और ममता को किया याद
जिला पंचायत अध्यक्ष रंजीता गौरव पटेल ने कहा कि स्वतंत्रता संग्राम की महान नायिका वीरांगना रानी अवंती बाई ने अंग्रेजों के खिलाफ संघर्ष कर अपने साहस और वीरता का परिचय दिया। उन्होंने रानी के जीवन से जुड़े प्रसंगों का उल्लेख करते हुए कहा कि उनके व्यक्तित्व में शौर्य के साथ-साथ ममता और संवेदनशीलता भी थी।
अजय टंडन बोले- सभी समाजों का एक मंच पर आना सच्ची श्रद्धांजलि
दमोह के पूर्व विधायक अजय टंडन ने कहा कि रानी अवंती बाई की जयंती के अवसर पर विभिन्न समाजों और अलग-अलग विचारधाराओं से जुड़े लोगों का एक मंच पर आना उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है।उन्होंने कहा कि देश और प्रदेश की आन-बान-शान के लिए किस तरह बलिदान दिया जाता है, यह रानी अवंती बाई के जीवन से सीखा जा सकता है। कार्यक्रम के माध्यम से रानी के जीवन से जुड़ी कई ऐसी जानकारियां भी सामने आईं, जिनसे नई पीढ़ी को परिचित कराया जाना जरूरी है।
प्रतिभाओं का हुआ सम्मान
जयंती समारोह के दौरान समाज के विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य करने वाले लोगों का सम्मान किया गया। प्रतिभावान विद्यार्थियों को भी अतिथियों द्वारा सम्मानित किया गया। आयोजकों ने कहा कि समाज की प्रतिभाओं को सम्मान मिलने से उन्हें आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलती है।
‘क्रांति-ज्वाला’ पुस्तक का विमोचन
कार्यक्रम के दौरान वीरांगना रानी अवंती बाई लोधी के जीवन और शौर्यगाथा पर आधारित पुस्तक ‘क्रांति-ज्वाला’ का विमोचन किया गया। राज्यमंत्री धर्मेन्द्र सिंह लोधी, सांसद राहुल सिंह लोधी सहित अन्य अतिथियों ने पुस्तक का विमोचन किया।
सांस्कृतिक कार्यक्रम और नशामुक्ति नाट्य प्रस्तुति
कार्यक्रम में रानी अवंती बाई के जीवन और संघर्ष पर आधारित सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी गईं। नशामुक्ति को लेकर नाट्य प्रस्तुति के माध्यम से लोगों को नशे से दूर रहने का संदेश दिया गया। प्रस्तुतियों में रानी के शौर्य और देशभक्ति को प्रभावी तरीके से सामने रखा गया।
नोहटा में बारिश के बीच किया माल्यार्पण
रानी अवंती बाई की जयंती के अवसर पर सुबह राज्यमंत्री धर्मेन्द्र सिंह लोधी नोहटा पहुंचे। यहां तेज बारिश के बीच उन्होंने रानी अवंती बाई की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद नोहटा से तिरंगा रैली दमोह के लिए रवाना हुई।बारिश के बावजूद बड़ी संख्या में लोग रैली में शामिल हुए। राज्यमंत्री स्वयं रैली की अगुवाई करते हुए दमोह पहुंचे।
जटाशंकर में प्रतिमा पर माल्यार्पण के बाद हुआ मुख्य आयोजन
दमोह में तहसील मैदान से निकली तिरंगा यात्रा जटाशंकर पहुंची। यहां रानी अवंती बाई की प्रतिमा पर माल्यार्पण के बाद मुख्य कार्यक्रम आयोजित हुआ। यात्रा में तिरंगा लेकर शामिल हुए लोगों ने रानी अवंती बाई के जयकारे लगाए।कार्यक्रम में जिले के अलग-अलग क्षेत्रों से आए लोगों की मौजूदगी रही। युवा और महिलाओं की भागीदारी भी उल्लेखनीय रही। आयोजन के दौरान पूरे परिसर में देशभक्ति और रानी अवंती बाई के जयकारों का माहौल बना रहा।
बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और नागरिक रहे मौजूद
कार्यक्रम में राज्यमंत्री धर्मेन्द्र सिंह लोधी, सांसद राहुल सिंह लोधी, विधायक हटा उमा देवी खटीक, जिला पंचायत अध्यक्ष रंजीता गौरव पटेल, भाजपा जिलाध्यक्ष श्याम शिवहरे, लोकेन्द्र पटेल, पूर्व मंत्री दशरथ सिंह लोधी, पूर्व विधायक अजय टंडन, पीएल तंतवाय, प्रताप सिंह, प्रद्युम्न सिंह, पूर्व सांसद चंद्रभान सिंह सहित अनेक जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।इसके अलावा पूर्व विधायक प्रताप सिंह ठाकुर, जनपद अध्यक्ष दमोह प्रीति ठाकुर, जय सिंह कड़ोप्पा, ब्रजेन्द्र सिंह राव सहित अन्य अतिथियों ने भी अपने विचार रखे।आयोजन में विभिन्न समाजों के अध्यक्ष और पदाधिकारी, युवा, महिलाएं तथा बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।कार्यक्रम के सह संयोजक सतेन्द्र सिंह लोधी ने आयोजन में पहुंचे लोगों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि जिले के अनेक गांवों से लोग रानी अवंती बाई की जयंती मनाने के लिए पहुंचे। उन्होंने मातृशक्ति और उन कार्यकर्ताओं का भी आभार जताया, जिन्होंने पिछले एक माह से कार्यक्रम की तैयारियों में मेहनत की।कार्यक्रम का संचालन पद्म सिंह, कृपाल ठाकुर और हाकम सिंह ने किया, जबकि आभार संयोजक साहिल सिंह लोधी ने व्यक्त किया।
