तेंदूखेड़ा/दमोह, 20 मार्च 2026। दमोह जिले के तेंदूखेड़ा क्षेत्र से एक बेहद चिंताजनक मामला सामने आया है, जहां एक निजी स्कूल में पढ़ने वाले 9 वर्षीय छात्र के साथ कथित रूप से हुई मारपीट ने उसे गंभीर हालत में अस्पताल पहुंचा दिया है। घटना के बाद से इलाके में आक्रोश का माहौल है, वहीं पुलिस की कार्रवाई को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।जानकारी के मुताबिक, कक्षा 3 का छात्र काव्य नामदेव, जो स्थानीय IES पब्लिक स्कूल में अध्ययनरत है, के साथ 19 फरवरी को स्कूल परिसर में मारपीट की गई। परिजनों का आरोप है कि एक मामूली शैक्षणिक गलती पर शिक्षक द्वारा बच्चे को डंडों से पीटा गया, जिसके बाद उसकी तबीयत लगातार बिगड़ती चली गई।परिवार के अनुसार, घटना के बाद बच्चे को तेज बुखार, उल्टियां और झटके आने लगे। पहले उसे स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, फिर हालत गंभीर होने पर जबलपुर और बाद में भोपाल के एम्स में भर्ती कराया गया। फिलहाल बच्चा वेंटिलेटर सपोर्ट पर है और कोमा जैसी स्थिति में बताया जा रहा है।
कार्रवाई पर सवाल
घटना को लेकर सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि इतनी गंभीर स्थिति के बावजूद अब तक पुलिस द्वारा प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई है। परिजनों का कहना है कि उन्होंने लिखित शिकायत दी है, लेकिन अभी तक कोई ठोस कार्रवाई सामने नहीं आई है।
परिवार ने लगाए दबाव के आरोप
पीड़ित परिवार का आरोप है कि स्कूल प्रबंधन की ओर से मामले को दबाने का प्रयास किया जा रहा है। साथ ही संबंधित लोगों द्वारा समझौते का दबाव भी बनाया जा रहा है।
स्थानीय लोगों में नाराजगी
मामले के सामने आने के बाद क्षेत्र में लोगों में नाराजगी देखी जा रही है। लोगों का कहना है कि बच्चों की सुरक्षा को लेकर स्कूलों में सख्त व्यवस्था होनी चाहिए और दोषियों पर त्वरित कार्रवाई जरूरी है।
उठ रही मांगें
- मामले में तत्काल FIR दर्ज की जाए
- दोषी शिक्षक और प्रबंधन पर सख्त कार्रवाई हो
- पीड़ित बच्चे के इलाज की जिम्मेदारी तय हो
- स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा को लेकर निगरानी बढ़ाई जाए
यह घटना न केवल एक बच्चे के साथ हुई क्रूरता को दर्शाती है, बल्कि शिक्षा व्यवस्था और प्रशासनिक जिम्मेदारी पर भी गंभीर प्रश्न खड़े करती है। अब देखना होगा कि संबंधित विभाग इस मामले में कितनी जल्द और प्रभावी कार्रवाई करता है।
