दमोह 21 मई, गुरुवार/दमोह पुलिस ने तकनीक और त्वरित कार्रवाई के दम पर गुम मोबाइल फोन खोजने के अभियान में उल्लेखनीय सफलता हासिल करते हुए वर्ष 2026 में अब तक 208 गुम मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक मालिकों को वापस सौंप दिए हैं। बरामद मोबाइल फोन की कुल अनुमानित कीमत करीब 41 लाख 60 हजार रुपये आंकी गई है। मोबाइल वापस मिलने के बाद लोगों के चेहरों पर खुशी देखने को मिली और उन्होंने दमोह पुलिस की कार्यप्रणाली की सराहना की।

पुलिस अधीक्षक श्री आनंद कलादगी के मार्गदर्शन में जिलेभर में विशेष “गुम मोबाइल खोज अभियान” संचालित किया जा रहा है। इस अभियान के तहत साइबर सेल और जिले के समस्त थाना प्रभारियों को गुम मोबाइल संबंधी शिकायतों पर प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए थे। लगातार निगरानी, तकनीकी विश्लेषण और साइबर ट्रैकिंग के माध्यम से दमोह पुलिस ने पिछले कुछ महीनों में बड़ी संख्या में मोबाइल फोन ट्रेस कर उनकी बरामदगी सुनिश्चित की।
गुरुवार को आयोजित मोबाइल वितरण कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक श्री आनंद कलादगी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री सुजीत सिंह भदौरिया तथा नगर पुलिस अधीक्षक श्री एच.आर. पांडे ने मोबाइल धारकों को उनके गुम मोबाइल वापस सौंपे। लंबे समय बाद अपना मोबाइल वापस मिलने पर लोगों ने पुलिस अधिकारियों का आभार व्यक्त किया।
पुलिस विभाग के अनुसार गुम मोबाइल तलाशने के लिए सीईआईआर (Central Equipment Identity Register) पोर्टल का प्रभावी उपयोग किया जा रहा है। यह एक केंद्रीकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जिसके माध्यम से मोबाइल गुम होने की शिकायत दर्ज कराई जा सकती है। शिकायत मिलने के बाद साइबर सेल और थाना स्तर की टीम मोबाइल की लोकेशन और तकनीकी जानकारी के आधार पर उसकी तलाश शुरू करती है।
दमोह पुलिस द्वारा चलाए गए इस अभियान में साइबर सेल टीम की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण रही। साइबर सेल के अधिकारियों और कर्मचारियों ने लगातार तकनीकी विश्लेषण, मोबाइल ट्रैकिंग और अन्य राज्यों एवं जिलों तक समन्वय स्थापित कर मोबाइल फोन बरामद करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। पुलिस विभाग ने साइबर सेल टीम और जिले के समस्त पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों के कार्यों की सराहना की है।
पुलिस द्वारा जारी जानकारी के अनुसार वर्ष 2025 में भी दमोह पुलिस ने गुम मोबाइल बरामदगी अभियान के तहत 540 मोबाइल फोन लोगों को वापस दिलाए थे, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 1 करोड़ 8 लाख रुपये थी। लगातार मिल रही सफलता से यह स्पष्ट हो रहा है कि तकनीक आधारित पुलिसिंग आम नागरिकों के लिए राहत का माध्यम बन रही है।
पुलिस अधीक्षक ने नागरिकों से अपील की है कि मोबाइल फोन गुम होने पर तत्काल नजदीकी थाना या संबंधित पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं, जिससे समय रहते मोबाइल ट्रेस कर वापस दिलाने की कार्रवाई की जा सके।
दमोह पुलिस की इस पहल ने न केवल लोगों की आर्थिक क्षति कम की है, बल्कि पुलिस और आम नागरिकों के बीच विश्वास को भी मजबूत किया है।
