पांच दिवसीय प्रशिक्षण में 39 पर्यवेक्षकों ने लिया भाग, नेतृत्व क्षमता, निर्णय कौशल और प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने पर दिया गया जोर
जबलपुर, 17 अक्टूबर 2026। पश्चिम मध्य रेलवे में प्रशासनिक कार्यप्रणाली को अधिक प्रभावी, दक्ष और परिणामोन्मुख बनाने की दिशा में तृतीय प्रबंधन विकास कार्यक्रम (एमडीपी) का आयोजन किया गया। महाप्रबंधक दिलीप कुमार सिंह की पहल एवं मार्गदर्शन में आयोजित यह पांच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम 12 से 16 अक्टूबर 2026 तक नेशनल ट्रेनिंग सेंटर, भारत स्काउट्स एंड गाइड्स, पचमढ़ी, जिला नर्मदापुरम में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में पश्चिम मध्य रेल के विभिन्न विभागों के 39 पर्यवेक्षकों ने भाग लेकर प्रबंधन, नेतृत्व और कार्य निष्पादन से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर प्रशिक्षण प्राप्त किया।
नेतृत्व और निर्णय क्षमता विकसित करने पर जोर
प्रबंधन विकास कार्यक्रम का प्रमुख उद्देश्य रेलवे के पर्यवेक्षकों की नेतृत्व क्षमता, प्रबंधकीय दक्षता, निर्णय लेने की योग्यता तथा कार्यकुशलता को मजबूत करना रहा। रेलवे की प्रशासनिक व्यवस्था में पर्यवेक्षकों की भूमिका महत्वपूर्ण होती है। उन्हें अपने कार्यक्षेत्र में कर्मचारियों के साथ समन्वय स्थापित करने, कार्यों की निगरानी करने और निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप दायित्वों का निर्वहन करना होता है। ऐसे में प्रबंधकीय कौशल का विकास कार्य निष्पादन को अधिक प्रभावी बनाने में सहायक माना जाता है।प्रशिक्षण के माध्यम से प्रतिभागियों को अपने कार्यक्षेत्र में बेहतर निर्णय लेने, प्रशासनिक प्रक्रियाओं को सुचारु बनाने तथा विभिन्न विभागों के बीच समन्वय बढ़ाने की दिशा में प्रोत्साहित किया गया। इससे कार्यों के समयबद्ध निष्पादन, जिम्मेदारियों के बेहतर निर्वहन और रेलवे की कार्यप्रणाली में गुणवत्ता सुधार को बढ़ावा मिलने की अपेक्षा है।
वरिष्ठ अधिकारियों ने बताए प्रबंधन के महत्वपूर्ण पहलू
कार्यक्रम के दौरान वरिष्ठ उप महाप्रबंधक नीरज कुमार ने प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए प्रबंधकीय दक्षता, नेतृत्व क्षमता और प्रशासनिक कार्यों में प्रभावशीलता के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने प्रबंधन कौशल के विकास को कार्यस्थल पर बेहतर समन्वय और दायित्वों के प्रभावी निर्वहन के लिए महत्वपूर्ण बताया।वहीं, उप महाप्रबंधक मनीष कुमार पटेल ने पीपीटी प्रस्तुति के माध्यम से कार्यक्रम से संबंधित महत्वपूर्ण बिंदुओं को प्रस्तुत किया। प्रस्तुति में प्रबंधन विकास कार्यक्रम की उपयोगिता और पर्यवेक्षकों की कार्यक्षमता को बेहतर बनाने से जुड़े विषयों पर जानकारी दी गई।कार्यक्रम के समापन समारोह में प्रबंधकीय विकास के महत्व पर जोर दिया गया। इस अवसर पर सहायक उप महाप्रबंधक नवीन कुमार ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत करते हुए कार्यक्रम से जुड़े अधिकारियों, प्रशिक्षकों और प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
रेलवे की कार्यप्रणाली को अधिक प्रभावी बनाने की पहल
पश्चिम मध्य रेल में आयोजित यह प्रबंधन विकास कार्यक्रम पर्यवेक्षकों की व्यावसायिक दक्षता और नेतृत्व गुणों को सुदृढ़ करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। रेलवे जैसे व्यापक संगठन में विभिन्न विभागों के बीच तालमेल, समयबद्ध कार्य निष्पादन और प्रभावी निर्णय प्रक्रिया का विशेष महत्व होता है। ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम कर्मचारियों को बदलती कार्य आवश्यकताओं के अनुरूप अपनी क्षमताओं को विकसित करने का अवसर प्रदान करते हैं।महाप्रबंधक दिलीप कुमार सिंह के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम से पर्यवेक्षकों की प्रशासनिक समझ और प्रबंधकीय कौशल को बेहतर बनाने की दिशा में प्रयास किया गया है। प्रशिक्षण से प्राप्त ज्ञान का कार्यक्षेत्र में प्रभावी उपयोग होने पर विभागीय समन्वय, कार्य निष्पादन की गुणवत्ता और प्रशासनिक दक्षता को मजबूती मिलने की उम्मीद है।पांच दिवसीय कार्यक्रम का 16 अक्टूबर को समापन हुआ। पश्चिम मध्य रेल की यह पहल प्रशिक्षण के माध्यम से मानव संसाधन विकास, नेतृत्व क्षमता के विस्तार और रेलवे की कार्यप्रणाली को अधिक परिणामोन्मुख बनाने के प्रयासों को रेखांकित करती है।
