घटना रात करीब 8 बजे की बताई जा रही है। कार में ग्वालियर निवासी 26 वर्षीय प्रेम गुप्ता और देव करारा सवार थे। दोनों चिकित्सा से जुड़ा सामान लेकर इंदौर की ओर जा रहे थे। बताया गया कि जब कार भैंसोंरा गांव के पास पहुंची तो अचानक उसमें से आग की लपटें निकलने लगीं। कार में आग लगते ही दोनों यात्रियों में अफरा तफरी मच गई। चालक ने स्थिति को भांपते हुए तुरंत वाहन को सड़क किनारे रोक दिया। दोनों लोग किसी तरह कार से बाहर निकले और सुरक्षित दूरी पर पहुंच गए।
कार से निकलने के कुछ ही समय बाद आग ने विकराल रूप ले लिया। देखते ही देखते लपटें पूरी कार में फैल गईं। हाईवे पर चल रहे दूसरे वाहन चालकों ने भी आग का यह खतरनाक मंजर देखा। आग के कारण मौके पर कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित होने की स्थिति बन गई। सूचना मिलने के बाद सुभाषपुरा थाना प्रभारी अरविंद चौहान पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे।
पुलिस ने सबसे पहले हाईवे पर यातायात को नियंत्रित किया ताकि आग की वजह से कोई दूसरा हादसा न हो। वाहनों को दूसरी लेन से निकाला गया। इसके बाद पुलिस ने आग की सूचना फायर ब्रिगेड को दी। मोहना से फायर ब्रिगेड की टीम को मौके पर बुलाया गया। दमकल कर्मियों ने मौके पर पहुंचकर काफी मशक्कत के बाद कार में लगी आग पर काबू पाया। हालांकि तब तक कार पूरी तरह जल चुकी थी।
हादसे में प्रेम गुप्ता और देव करारा को किसी तरह की चोट नहीं आई। दोनों समय रहते कार से बाहर निकल गए थे। अगर आग लगने के बाद उन्हें बाहर निकलने में थोड़ी भी देरी होती तो स्थिति गंभीर हो सकती थी। पुलिस ने घटना की जानकारी जुटाने के साथ आग लगने के कारणों की जांच शुरू कर दी है। फिलहाल शुरुआती जांच में आग लगने की स्पष्ट वजह सामने नहीं आई है।
हाईवे पर चलती कार में अचानक आग लगने की यह घटना एक बार फिर बताती है कि वाहन में किसी तरह की असामान्य स्थिति नजर आते ही उसे सुरक्षित स्थान पर रोकना कितना जरूरी है। समय रहते कार से बाहर निकलने के कारण दोनों यात्रियों की जान बच गई जबकि उनकी कार पूरी तरह जलकर नष्ट हो गई।
