नई दिल्ली। भारतीय दूरसंचार विनियामक प्राधिकरण (ट्राई) ने जून 2026 की टेलीकॉम सब्सक्राइबर रिपोर्ट जारी कर दी है। रिपोर्ट के अनुसार, देश में टेलीफोन उपभोक्ताओं की कुल संख्या बढ़कर 1,348.08 मिलियन (134.81 करोड़) हो गई है, जबकि मई 2026 में यह संख्या 1,343.10 मिलियन थी। इस प्रकार एक माह में कुल ग्राहकों की संख्या में लगभग 0.37 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।
रिपोर्ट के मुताबिक, वृद्धि का प्रमुख कारण वायरलेस सेवाओं में लगातार बढ़ता ग्राहक आधार है। जून के अंत तक देश में कुल वायरलेस ग्राहकों की संख्या 1,300.25 मिलियन (130.02 करोड़) पहुंच गई, जबकि ब्रॉडबैंड उपभोक्ताओं की संख्या बढ़कर 1,087.50 मिलियन हो गई।
ट्राई ने बताया कि 5जी फिक्स्ड वायरलेस एक्सेस (एफडब्ल्यूए) और मशीन-टू-मशीन (एम2एम) कनेक्टिविटी जैसे नए सेगमेंट में भी लगातार विस्तार हो रहा है। एफडब्ल्यूए के माध्यम से घरों तक वायरलेस ब्रॉडबैंड सेवा उपलब्ध कराई जा रही है, जबकि एम2एम कनेक्शन विभिन्न मशीनों और उपकरणों को इंटरनेट से जोड़ने में उपयोग किए जाते हैं।
शहरी क्षेत्रों में अधिक वायरलेस कनेक्शन
जून 2026 तक कुल वायरलेस ग्राहकों में 749.39 मिलियन उपभोक्ता शहरी क्षेत्रों और 550.86 मिलियन ग्रामीण क्षेत्रों से जुड़े रहे।
प्रमुख दूरसंचार आंकड़े
- कुल टेलीफोन उपभोक्ता: 1,348.08 मिलियन
- कुल वायरलेस उपभोक्ता: 1,300.25 मिलियन
- वायरलाइन उपभोक्ता: 47.82 मिलियन
- ब्रॉडबैंड उपभोक्ता: 1,087.50 मिलियन
बाजार हिस्सेदारी में जियो पहले स्थान पर
ट्राई के अनुसार, जून 2026 के अंत तक वायरलेस मोबाइल बाजार में रिलायंस जियो सबसे बड़ी कंपनी बनी रही। कंपनियों की बाजार हिस्सेदारी इस प्रकार रही—
- रिलायंस जियो – 39.27 प्रतिशत
- भारती एयरटेल – 37.96 प्रतिशत
- वोडाफोन आइडिया (वीआई) – 15.50 प्रतिशत
- बीएसएनएल – 7.25 प्रतिशत
नए ग्राहक जोड़ने में एयरटेल अव्वल
जून 2026 के दौरान वायरलेस मोबाइल उपभोक्ताओं की संख्या में कुल 53.80 लाख की वृद्धि हुई। इस अवधि में सबसे अधिक नए ग्राहक भारती एयरटेल ने जोड़े।
- भारती एयरटेल – 29.90 लाख नए ग्राहक
- रिलायंस जियो – 21.40 लाख नए ग्राहक
- वोडाफोन आइडिया – 1.64 लाख (लगभग) नए ग्राहक
- बीएसएनएल – 94,006 नए ग्राहक
वायरलाइन ग्राहकों में गिरावट
जहां मोबाइल सेवाओं का विस्तार जारी है, वहीं वायरलाइन सेवाओं के ग्राहकों में कमी दर्ज की गई। मई 2026 में वायरलाइन उपभोक्ताओं की संख्या 48.64 मिलियन थी, जो जून में घटकर 47.82 मिलियन रह गई।
ट्राई की रिपोर्ट से स्पष्ट है कि देश में मोबाइल और ब्रॉडबैंड सेवाओं का विस्तार लगातार जारी है। विशेष रूप से 5जी आधारित सेवाओं और वायरलेस कनेक्टिविटी की बढ़ती मांग के चलते दूरसंचार क्षेत्र में वृद्धि का सिलसिला बना हुआ है।
