दूरदराज क्षेत्रों से पहुंचे आवेदकों ने रखीं अपनी समस्याएं, कलेक्टर ने अधिकारियों को समय-सीमा में निराकरण के दिए निर्देश; जनसुनवाई में आधार अपडेशन और स्वास्थ्य परीक्षण की भी सुविधा
दमोह : 18 अगस्त 2026/ कलेक्ट्रेट कार्यालय में मंगलवार को आयोजित जनसुनवाई में जिले के अलग-अलग क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याएं और शिकायतें लेकर पहुंचे। कलेक्टर कार्यालय के कक्ष क्रमांक 10 (व्यारमा) में आयोजित जनसुनवाई में कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने आवेदकों से सीधे संवाद करते हुए उनकी समस्याओं को सुना और संबंधित विभागों के अधिकारियों को प्रकरणों का निर्धारित समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

सामान्य जनसुनवाई के दौरान कुल 225 आवेदनों पर सुनवाई की गई। इनमें व्यक्तिगत समस्याओं के साथ-साथ विभिन्न विभागों से संबंधित शिकायतें और मांगें भी शामिल रहीं। कलेक्टर ने आवेदकों की समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए तथा यह सुनिश्चित करने को कहा कि लोगों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
जनसुनवाई प्रशासन और आम नागरिकों के बीच सीधे संवाद का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। दूरदराज ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले लोगों को अपनी समस्या सीधे जिला प्रशासन के समक्ष रखने का अवसर मिलता है। इसी उद्देश्य से आयोजित जनसुनवाई में प्राप्त आवेदनों को संबंधित विभागों तक भेजकर उनके निराकरण की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाती है।
जनसुनवाई के साथ आधार और स्वास्थ्य सेवाओं की सुविधा
जनसुनवाई के दौरान नागरिकों को अन्य आवश्यक सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गईं। इस दौरान 12 लोगों का आधार अपडेशन किया गया, जिससे उन्हें आधार से संबंधित कार्यों के लिए अलग से भटकना न पड़े।इसके अलावा जनसुनवाई में पहुंचे 90 लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण भी किया गया। प्रशासन द्वारा जनसुनवाई स्थल पर ही स्वास्थ्य संबंधी सुविधा उपलब्ध कराए जाने से फरियादियों को एक ही स्थान पर आवश्यक सेवाओं का लाभ मिला।जनसुनवाई के दौरान कुछ सामूहिक आवेदन भी प्रशासन के समक्ष प्रस्तुत किए गए। इन आवेदनों में संबंधित लोगों ने सामूहिक रूप से अपनी समस्याएं और मांगें अधिकारियों के सामने रखीं। अधिकारियों ने इन आवेदनों को भी संबंधित विभागों को भेजकर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
अधिकारियों को समय-सीमा में कार्रवाई के निर्देश
कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने अधिकारियों से कहा कि जनसुनवाई में प्राप्त आवेदनों का निराकरण केवल कागजी कार्रवाई तक सीमित न रहे, बल्कि प्रत्येक प्रकरण में नियमानुसार वास्तविक समाधान सुनिश्चित किया जाए। जिन मामलों में अन्य विभागों की भूमिका है, उनमें आपसी समन्वय के साथ कार्रवाई की जाए।उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि आवेदनों के निराकरण में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। पात्र हितग्राहियों को शासन की योजनाओं और सुविधाओं का लाभ दिलाने के साथ ही शिकायतों का परीक्षण कर नियमानुसार समाधान किया जाए।
वरिष्ठ अधिकारी रहे मौजूद
जनसुनवाई के दौरान जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी प्रवीण फुलपगारे, अपर कलेक्टर राकेश मोहन त्रिपाठी, एसडीएम सौरभ गंधर्व, डिप्टी कलेक्टर ब्रजेश सिंह, डिप्टी कलेक्टर रचना प्रजापति, डिप्टी कलेक्टर रानी अहिरवार, लोकसेवा प्रबंधक चक्रेश पटेल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।जनसुनवाई में जिले के दूरदराज क्षेत्रों से आए नागरिकों ने प्रशासन के समक्ष अपनी समस्याएं रखीं। अब इन 225 आवेदनों के निराकरण की दिशा में संबंधित विभागों द्वारा की जाने वाली कार्रवाई पर लोगों की निगाह रहेगी। जनसुनवाई का वास्तविक उद्देश्य तभी पूरा माना जाएगा, जब आवेदन लेकर पहुंचे नागरिकों को समय पर उनकी समस्या का समाधान मिल सके और उन्हें बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने की आवश्यकता न पड़े।
