प्रधानमंत्री आवास योजना के लंबित भुगतान के लिए नगरपालिका दमोह को मिले 3 करोड़ रुपये, पात्र हितग्राहियों के खातों में पारदर्शिता से पहुंचेगी राशि
सीएम हेल्पलाइन की शिकायतें लंबित रखने वाले अधिकारियों पर होगी कार्रवाई, मुख्यमंत्री जन-विश्वास कार्यक्रम में अनुपस्थिति और लापरवाही बर्दाश्त नहीं
दमोह, 28 अक्टूबर 2026। जिले में स्वामित्व योजना के अंतर्गत पंजीयन कार्य में तेजी लाने, आधार संबंधी समस्याओं का मौके पर निराकरण करने और प्रधानमंत्री आवास योजना के लंबित भुगतान की प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए प्रशासन ने प्रयास तेज कर दिए हैं। कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने समय-सीमा बैठक में विभिन्न विभागों के कार्यों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ समय पर मिले तथा आम नागरिकों को अपनी समस्याओं के निराकरण के लिए अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
बैठक में स्वामित्व योजना के पंजीयन, आधार कार्ड में संशोधन एवं अद्यतन, लंबित ई-केवाईसी, प्रधानमंत्री आवास योजना की किस्तों के भुगतान, सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों, आरसीएमएस पोर्टल पर लंबित प्रकरणों, खनन की अनुमति और पटाखा लाइसेंस से संबंधित विषयों की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को जिम्मेदारी के साथ कार्य करने और निर्धारित समय-सीमा में प्रकरणों का निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
स्वामित्व योजना के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश
कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने स्वामित्व योजना के अंतर्गत पंजीयन कार्य में तेजी लाने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि योजना के कार्यों में आने वाली भूमि संबंधी समस्याओं का निराकरण प्राथमिकता से किया जाए, ताकि पात्र ग्रामीणों को योजना का लाभ दिलाने की प्रक्रिया आगे बढ़ सके।
इस उद्देश्य से बैठक में तहसीलदारों और नायब तहसीलदारों को भी शामिल किया गया, जिससे राजस्व संबंधी मामलों की समीक्षा कर उनका निराकरण किया जा सके। विभिन्न विभागों की भूमि से संबंधित समस्याओं को दूर करने और पंजीयन कार्य में आ रही बाधाओं को समाप्त करने के लिए संबंधित अधिकारियों को समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को पात्र हितग्राहियों की लंबित ई-केवाईसी पूर्ण कराने के संबंध में आवश्यक कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि ई-केवाईसी और अन्य आवश्यक औपचारिकताओं के कारण पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ मिलने में अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए।
गांवों में लगने वाले शिविरों में ही होगा आधार संबंधी समस्याओं का निराकरण
स्वामित्व योजना के पंजीयन में आधार कार्ड से संबंधित समस्याएं बाधा न बनें, इसके लिए प्रशासन ने शिविरों में ही आधार अपडेट की सुविधा उपलब्ध कराने पर जोर दिया है। बैठक में इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक सहित डाक विभाग के संबंधित अधिकारियों को भी बुलाया गया था।कलेक्टर ने जिले में 100 से अधिक आधार केंद्रों के संचालन से जुड़े अधिकारियों को निर्देश दिए कि गांवों में स्वामित्व योजना के पंजीयन के लिए आयोजित शिविरों के दौरान आधार कार्ड में संशोधन और अद्यतन से संबंधित समस्याओं का निराकरण भी मौके पर कराया जाए।
इस व्यवस्था का उद्देश्य ग्रामीणों को आधार संबंधी छोटे-छोटे कार्यों के लिए अलग-अलग केंद्रों पर जाने की परेशानी से बचाना है। शिविरों में पंजीयन और आधार संबंधी सुविधाएं उपलब्ध होने से ग्रामीणों का समय बचेगा तथा स्वामित्व योजना के कार्यों को गति मिल सकेगी।प्रशासन का प्रयास है कि पंजीयन प्रक्रिया में आने वाली व्यावहारिक कठिनाइयों को स्थानीय स्तर पर दूर किया जाए और पात्र हितग्राहियों के दस्तावेजों से संबंधित कार्य समय पर पूरे हों।
प्रधानमंत्री आवास योजना के लंबित भुगतान के लिए मिले 3 करोड़ रुपये
बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत लंबित किस्तों के भुगतान का विषय भी प्रमुखता से उठाया गया। कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना के प्रथम चरण यानी पीएम आवास योजना 1.0 के अंतर्गत दूसरी और तीसरी किस्त लंबे समय से लंबित रहने के संबंध में शासन स्तर पर राशि उपलब्ध कराने का अनुरोध किया गया था।
इसके परिणामस्वरूप नगरपालिका दमोह को लगभग 3 करोड़ रुपये की राशि प्राप्त हुई है। अब संबंधित हितग्राहियों की सूची तैयार करने की प्रक्रिया की जा रही है, ताकि पात्र हितग्राहियों को उनकी लंबित राशि का भुगतान किया जा सके।कलेक्टर ने नगरपालिका के मुख्य नगरपालिका अधिकारी को निर्देश दिए कि लंबित किस्तों के भुगतान के लिए सूची तैयार करते समय पारदर्शिता और पात्रता का विशेष ध्यान रखा जाए। हितग्राहियों के अभिलेखों का परीक्षण कर नियमानुसार भुगतान की प्रक्रिया सुनिश्चित की जाए, जिससे पात्र लोगों के बैंक खातों में राशि अंतरित हो सके।उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना का उद्देश्य पात्र परिवारों को आवास उपलब्ध कराने में सहायता देना है। ऐसे में लंबित किस्तों के भुगतान की प्रक्रिया को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक कार्रवाई की जाए, ताकि हितग्राहियों को अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े।
सर्वर का कम दबाव होने पर पंजीयन कार्य तेज करने की तैयारी
स्वामित्व योजना के पंजीयन कार्य में सर्वर पर अधिक दबाव के कारण आने वाली कठिनाइयों की भी बैठक में समीक्षा की गई। कलेक्टर ने कहा कि सर्वर पर अधिक लोड होने से पंजीयन की गति प्रभावित होती है। इस समस्या को ध्यान में रखते हुए सुबह और शाम के समय विशेष प्रयास किए जा रहे हैं, ताकि सर्वर पर अपेक्षाकृत कम दबाव का लाभ लेकर पंजीयन कार्य को तेजी से पूरा किया जा सके।संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि उपलब्ध तकनीकी परिस्थितियों का बेहतर उपयोग करते हुए पंजीयन कार्य को गति दें। साथ ही, दस्तावेजों और अन्य आवश्यक औपचारिकताओं को समय पर पूरा कराने पर भी ध्यान दिया जाए।प्रशासन की प्राथमिकता है कि स्वामित्व योजना के अंतर्गत पात्र हितग्राहियों का पंजीयन समय पर पूरा हो और तकनीकी समस्याओं के कारण उन्हें अनावश्यक रूप से इंतजार न करना पड़े।
सीएम हेल्पलाइन की शिकायतें लंबित रखने पर होगी कार्रवाई
कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने सीएम हेल्पलाइन पर प्राप्त शिकायतों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि कोई भी शिकायत बिना अटेंड किए लंबित नहीं रहनी चाहिए। उन्होंने कहा कि शिकायतों को समय पर देखना, संबंधित आवेदक की समस्या को समझना और नियमानुसार उसका निराकरण करना अधिकारियों की जिम्मेदारी है।उन्होंने चेतावनी दी कि सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों में लापरवाही बरतने और शिकायतों को अनावश्यक रूप से लंबित रखने वाले अधिकारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। विद्युत वितरण कंपनी से संबंधित शिकायतों की समीक्षा करते हुए भी संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने कहा कि जन शिकायतों का निराकरण केवल औपचारिकता तक सीमित नहीं रहना चाहिए। शिकायतकर्ता की समस्या का वास्तविक समाधान होना आवश्यक है। इसके लिए संबंधित विभागों को शिकायतों की नियमित समीक्षा करते हुए समय-सीमा में कार्रवाई करनी होगी।
आरसीएमएस पोर्टल के लंबित प्रकरणों का प्राथमिकता से निराकरण
बैठक में आरसीएमएस पोर्टल पर लंबित प्रकरणों की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि राजस्व संबंधी लंबित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर लिया जाए और उनका निराकरण नियमानुसार किया जाए।राजस्व मामलों के समय पर निराकरण से आम नागरिकों को राहत मिलने के साथ-साथ प्रशासनिक कार्यों में भी गति आएगी। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि लंबित प्रकरणों की स्थिति पर नियमित निगरानी रखी जाए तथा निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आवश्यक कार्रवाई की जाए।
खदान की अनुमति के बाद ही हो खनन कार्य
निर्माण विभागों के कार्यों की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने खनन से संबंधित अनुमतियों के विषय में भी आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों से कहा कि खदान से संबंधित आवश्यक अनुमति प्राप्त होने के बाद ही नियमानुसार खनन की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।उन्होंने इस कार्य को प्राथमिकता से पूरा कराने के निर्देश दिए, ताकि निर्माण संबंधी गतिविधियों में आवश्यक वैधानिक प्रक्रियाओं का पालन हो। संबंधित विभागों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया कि खनन कार्य निर्धारित नियमों और अनुमति की शर्तों के अनुरूप ही किया जाए।
पटाखा लाइसेंस संबंधी कार्रवाई की समीक्षा
कलेक्टर ने पटाखा लाइसेंस के संबंध में भी संबंधित अधिकारियों से अब तक की गई कार्रवाई की जानकारी ली। उन्होंने अनुविभागीय अधिकारियों और नगरपालिका के अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस संबंध में जारी निर्देशों के अनुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।पटाखों के लाइसेंस से जुड़े मामलों में निर्धारित प्रक्रिया का पालन करने और संबंधित प्रकरणों की स्थिति की समीक्षा करने पर जोर दिया गया। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि इस कार्य में किसी प्रकार की अनावश्यक देरी न हो और नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई समय पर पूरी की जाए।
मुख्यमंत्री जन-विश्वास कार्यक्रम में लापरवाही बर्दाश्त नहीं
कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने मुख्यमंत्री जन-विश्वास कार्यक्रम की समीक्षा करते हुए स्पष्ट किया कि इस कार्यक्रम में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारी-कर्मचारियों को प्रत्येक शुक्रवार आयोजित होने वाले जन-विश्वास कार्यक्रम में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने के निर्देश दिए।उन्होंने कहा कि जन-विश्वास कार्यक्रम नागरिकों की समस्याओं को सुनने और उनके निराकरण की दिशा में महत्वपूर्ण माध्यम है। इसलिए संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों की उपस्थिति आवश्यक है, ताकि आवेदकों की समस्याओं पर समय रहते कार्रवाई की जा सके।कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कार्यक्रम को गंभीरता से लें और प्राप्त आवेदनों के निराकरण के लिए आवश्यक कदम उठाएं। प्रशासन की मंशा है कि योजनाओं के क्रियान्वयन से लेकर जन शिकायतों के समाधान तक प्रत्येक स्तर पर जवाबदेही सुनिश्चित हो।
समय-सीमा में काम पूरा करने पर प्रशासन का जोर
समय-सीमा बैठक में दिए गए निर्देशों से स्पष्ट है कि जिला प्रशासन स्वामित्व योजना के पंजीयन, आधार संबंधी समस्याओं के समाधान, प्रधानमंत्री आवास योजना की लंबित किस्तों के भुगतान और विभिन्न विभागों में लंबित प्रकरणों के निराकरण को प्राथमिकता दे रहा है।कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने विभागों के कार्यों की नियमित समीक्षा करें और पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ दिलाने में आने वाली बाधाओं को दूर करें। साथ ही, जन शिकायतों के निराकरण और निर्धारित प्रशासनिक प्रक्रियाओं के पालन में जवाबदेही सुनिश्चित की जाए।प्रशासन का लक्ष्य है कि शासकीय योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक पारदर्शी तरीके से पहुंचे, राजस्व और अन्य विभागों के लंबित मामलों का निराकरण हो तथा आम नागरिकों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए अनावश्यक परेशानी न उठानी पड़े।
