दमोह, 10 मई 2026/जिले में कानून व्यवस्था को और अधिक मजबूत एवं प्रभावी बनाने की दिशा में नवागत पुलिस अधीक्षक आनंद कलादगी ने सक्रियता दिखाना शुरू कर दिया है। शनिवार को नवीन कंट्रोल रूम में जिले के समस्त पुलिस अधिकारियों की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, सभी एसडीओपी, थाना प्रभारी तथा विभिन्न शाखाओं के अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में जिले की सुरक्षा व्यवस्था, अपराध नियंत्रण, लंबित मामलों के निराकरण तथा आमजन से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक के दौरान पुलिस अधीक्षक ने जिले की वर्तमान अपराध स्थिति की समीक्षा करते हुए स्पष्ट कहा कि कानून व्यवस्था बनाए रखने में किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिए कि अपने-अपने थाना क्षेत्रों में नियमित रूप से भ्रमण करें, संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखें तथा असामाजिक तत्वों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि पुलिस की सक्रिय उपस्थिति से अपराधों पर नियंत्रण के साथ-साथ आम नागरिकों में सुरक्षा की भावना भी मजबूत होती है।
एसपी आनंद कलादगी ने विशेष रूप से रात्रिकालीन गश्त व्यवस्था को सुदृढ़ करने पर जोर दिया। उन्होंने निर्देश दिए कि रात के समय प्रमुख मार्गों, बाजार क्षेत्रों, संवेदनशील इलाकों तथा सार्वजनिक स्थानों पर लगातार निगरानी रखी जाए। इसके साथ ही पेट्रोलिंग दलों को अधिक सक्रिय एवं जवाबदेह बनाने की बात भी कही गई ताकि चोरी, लूट एवं अन्य आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाया जा सके।
बैठक में यातायात व्यवस्था को लेकर भी गंभीर चर्चा हुई। पुलिस अधीक्षक ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि शहर एवं प्रमुख मार्गों पर यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए विशेष अभियान चलाए जाएं। यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों पर प्रभावी कार्रवाई करने तथा सड़क सुरक्षा संबंधी जागरूकता बढ़ाने के निर्देश भी दिए गए। उन्होंने कहा कि दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए पुलिस को सतत निगरानी और जनजागरूकता दोनों पर समान रूप से कार्य करना होगा।
महिला सुरक्षा को प्राथमिकता बताते हुए पुलिस अधीक्षक ने कहा कि महिलाओं एवं बालिकाओं से जुड़े मामलों में त्वरित एवं संवेदनशील कार्रवाई की जाए। उन्होंने महिला हेल्प डेस्क को सक्रिय रखने, स्कूल-कॉलेज क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाने तथा छेड़छाड़ एवं महिला अपराधों के मामलों में तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा पुलिस की प्राथमिक जिम्मेदारी है और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बैठक में लंबित प्रकरणों के शीघ्र निराकरण पर भी विशेष जोर दिया गया। एसपी ने निर्देश दिए कि पुराने मामलों की नियमित समीक्षा कर जांच कार्य में तेजी लाई जाए ताकि पीड़ितों को समय पर न्याय मिल सके। इसके साथ ही गंभीर अपराधों में आरोपियों की गिरफ्तारी एवं फरार अपराधियों की तलाश तेज करने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए गए।
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि पुलिस और जनता के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना वर्तमान समय की आवश्यकता है। उन्होंने थाना प्रभारियों को निर्देशित किया कि वे आम नागरिकों की समस्याओं को गंभीरता से सुनें तथा शिकायतों का समयबद्ध निराकरण करें। उन्होंने कहा कि पुलिस की कार्यशैली पारदर्शी, संवेदनशील और जनहितकारी होनी चाहिए, जिससे आमजन का विश्वास और अधिक मजबूत हो सके।
बैठक के दौरान जिले के संवेदनशील क्षेत्रों, अपराध प्रभावित इलाकों तथा आगामी आयोजनों को लेकर भी रणनीति बनाई गई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि किसी भी परिस्थिति में कानून व्यवस्था प्रभावित न होने पाए और आवश्यकता पड़ने पर तत्काल कार्रवाई की जाए।
नवागत एसपी की इस पहली बड़ी बैठक को जिले में पुलिस व्यवस्था को अधिक सक्रिय और जवाबदेह बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। बैठक के अंत में पुलिस अधीक्षक ने सभी अधिकारियों से टीम भावना, अनुशासन एवं जवाबदेही के साथ कार्य करने का आह्वान करते हुए कहा कि दमोह पुलिस आमजन की सुरक्षा और विश्वास के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य करेगी।
