मंदिरों में गूंजे जय श्रीराम के जयकारे, दोपहर 12 बजे जन्मोत्सव पर उमड़ी भक्तों की भीड़

दमोह (मध्य प्रदेश)। रामनवमी का पावन पर्व जिले भर में अत्यंत श्रद्धा, उल्लास और भक्ति भाव के साथ मनाया गया। शहर के प्रमुख मंदिरों में भगवान श्रीराम के “राम प्रकट उत्सव” का भव्य आयोजन किया गया, जहां हजारों श्रद्धालु उमड़े और पूरा शहर “जय श्रीराम” के जयघोष से गूंज उठा। दोपहर 12 बजे जैसे ही भगवान श्रीराम के जन्म का शुभ मुहूर्त आया, मंदिरों में घंटा-घड़ियाल, ढोल-नगाड़ों और भजन-कीर्तन की धुन से वातावरण भक्तिमय हो गया।मध्यप्रदेश के दमोह नगर में स्थित लगभग तीन सौ वर्ष प्राचीन श्रीराम मंदिर में सनातन परंपराओं के अनुसार श्रीराम अवतरण दिवस निर्धारित समय दोपहर 12 बजे विधि-विधान से मनाया गया। भगवान श्रीराम के जन्म के शुभ क्षण पर विशेष आरती की गई, शंखनाद हुआ और श्रद्धालुओं ने पुष्प वर्षा कर भगवान का स्वागत किया। इस दौरान मंदिर परिसर में भक्ति का उल्लास चरम पर रहा और श्रद्धालु जय श्रीराम के जयकारों के साथ झूमते नजर आए।
घंटाघर क्षेत्र स्थित बूंदाबहू मंदिर और हनुमान गढ़ी में भी विशेष आयोजन किए गए। यहां श्रद्धालुओं ने भजन-कीर्तन, आरती और पुष्प वर्षा के साथ भगवान श्रीराम का जन्मोत्सव मनाया। भगवान के प्रकट होते ही श्रद्धालु भक्ति में सराबोर होकर नाचते-गाते नजर आए। मंदिर परिसर में जय श्रीराम के जयकारों से वातावरण गूंजता रहा और भक्तों ने प्रसाद वितरण कर उत्सव की खुशियां साझा कीं।इसी क्रम में असाटी वार्ड क्रमांक 1 स्थित राधा-रमन मंदिर में भी भव्य कार्यक्रम आयोजित किया गया। बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंचे और भगवान श्रीराम के प्रकट उत्सव में शामिल हुए। भजन-कीर्तन के साथ श्रद्धालु भक्ति रस में झूमते नजर आए। पूरे आयोजन के दौरान मंदिर परिसर में उत्साह और श्रद्धा का वातावरण बना रहा।
शहर के प्राचीन राम मंदिर, जो महाराष्ट्र समाज द्वारा संचालित है और शिवाजी पार्क (बहराम टॉकीज के समीप) स्थित है, वहां भी विशेष आयोजन किया गया। भगवान श्रीराम के जन्म के शुभ अवसर पर आरती, भजन-कीर्तन और आतिशबाजी के साथ उत्सव मनाया गया। इस अवसर पर महाराष्ट्र समाज के अध्यक्ष आलोक सोनवलकर, संदीप सोनवलकर सहित समाज के गणमान्य नागरिक एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।मंदिरों में दिनभर भजन-कीर्तन, प्रसाद वितरण और धार्मिक कार्यक्रमों का सिलसिला चलता रहा। कई स्थानों पर सुंदरकांड पाठ, रामचरितमानस पाठ और सामूहिक आरती का आयोजन भी किया गया। श्रद्धालुओं ने परिवार सहित पहुंचकर भगवान श्रीराम से सुख-समृद्धि और कल्याण की कामना की।रामनवमी के इस पावन अवसर पर पूरे दमोह जिले में भक्ति और उल्लास का माहौल चरम पर रहा। हर ओर भगवा ध्वज, जय श्रीराम के जयकारे और भक्ति संगीत की धुन सुनाई देती रही। “राम प्रकट उत्सव” ने श्रद्धा, आस्था और उत्साह का ऐसा संगम प्रस्तुत किया, जिसने शहर को पूरी तरह राममय बना दिया।
