उज्जैन, 29 मार्च/ जिला कमांडेंट होमगार्ड संतोष कुमार जाट ने बताया कि भारत सरकार के गृह मंत्रालय के अधीन राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की पहल के अंतर्गत जिले में “युवा आपदा मित्र” तैयार किए जा रहे हैं। इन स्वयंसेवकों को विभिन्न प्रकार की आपदाओं से निपटने के लिए चरणबद्ध प्रशिक्षण दिया जा रहा है, ताकि आपात स्थिति में त्वरित राहत एवं बचाव कार्य प्रभावी रूप से किए जा सकें।
23 से 29 मार्च तक चला प्रशिक्षण सत्र
आपदा मित्र योजना का द्वितीय प्रशिक्षण सत्र 23 मार्च से 29 मार्च 2026 तक होमगार्ड लाइन उज्जैन में आयोजित किया गया। इस दौरान 165 युवाओं को आपदा मित्र के रूप में प्रशिक्षित किया गया। प्रशिक्षण जिला सेनानी होमगार्ड संतोष कुमार जाट के निर्देशन में आयोजित हुआ, जिसमें युवाओं को बाढ़, भूकंप, आगजनी तथा चिकित्सीय आपात स्थिति सहित विभिन्न प्रकार की आपदाओं से निपटने के व्यावहारिक तरीके सिखाए गए।
रामघाट पर दिया गया नाव संचालन प्रशिक्षण
प्रशिक्षण के पांचवें एवं छठवें दिन युवा आपदा मित्रों को रामघाट पर नाव संचालन का विशेष प्रशिक्षण दिया गया। इस दौरान आपदा की स्थिति, विशेषकर बाढ़ के समय नाव को सुरक्षित तरीके से चलाने, चप्पू संचालन, बचाव तकनीक तथा लोगों को सुरक्षित निकालने के तरीकों का अभ्यास कराया गया। यह प्रशिक्षण एसडीआरएफ की प्रशिक्षित टीम और प्लाटून कमांडरों द्वारा दिया गया।
आगजनी से बचाव की मॉक ड्रिल
प्रशिक्षण के दौरान आगजनी की स्थिति में बचाव के उपायों पर भी विशेष जोर दिया गया। युवाओं को बताया गया कि आग लगने की स्थिति में प्राथमिक सावधानियां क्या हों, फायर अग्निशामक यंत्र का उपयोग कैसे किया जाए और प्रारंभिक स्तर पर आग को किस प्रकार नियंत्रित किया जा सकता है। इसके लिए मॉक ड्रिल आयोजित कर व्यावहारिक अभ्यास कराया गया।
जिले में 800 आपदा मित्र तैयार करने का लक्ष्य
उल्लेखनीय है कि जिले में कुल 800 युवा आपदा मित्र तैयार किए जाने का लक्ष्य रखा गया है। प्रशिक्षण पूर्ण होने के बाद ये स्वयंसेवक विभिन्न पर्व, त्योहारों एवं बड़े आयोजनों में सुरक्षा और राहत कार्यों में तैनात किए जाएंगे।
सिंहस्थ-2028 में निभाएंगे महत्वपूर्ण जिम्मेदारी
प्रशिक्षित युवा आपदा मित्र आगामी सिंहस्थ-2028 के दौरान घाट सुरक्षा, भीड़ प्रबंधन तथा आपातकालीन राहत कार्यों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। इससे बड़े आयोजनों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने में मदद मिलेगी।
इस प्रशिक्षण में होमगार्ड, एसडीआरएफ के प्लाटून कमांडर, जवान तथा विभिन्न विषय विशेषज्ञों ने युवाओं को सैद्धांतिक और व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया।
