दमोह, 18 जून 2026। प्रदेश सरकार द्वारा आमजन की समस्याओं के त्वरित निराकरण और जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के उद्देश्य से जिले में तीन दिवसीय प्रशासनिक एवं जनकल्याण शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। जिला एवं जनपद स्तर पर आयोजित इन शिविरों में जनप्रतिनिधि और अधिकारी एक ही मंच पर उपस्थित होकर नागरिकों की समस्याएं सुन रहे हैं तथा उनका मौके पर समाधान सुनिश्चित कर रहे हैं।
इसी क्रम में मानस भवन, दमोह में आयोजित तीन दिवसीय जनकल्याण शिविर में बड़ी संख्या में नागरिकों ने भाग लेकर विभिन्न योजनाओं से संबंधित जानकारी प्राप्त की और अपनी समस्याओं के निराकरण के लिए आवेदन प्रस्तुत किए। शिविर में विभिन्न विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि और हितग्राही उपस्थित रहे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला पंचायत अध्यक्ष रंजीता गौरव पटेल ने कहा कि शासन की मंशा है कि कोई भी पात्र व्यक्ति योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे अपने आवश्यक दस्तावेज पूर्ण रूप से साथ रखें, ताकि विभिन्न योजनाओं का लाभ प्राप्त करने में किसी प्रकार की परेशानी न हो।
उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में कई बार दस्तावेजों की कमी के कारण पात्र हितग्राही विभिन्न योजनाओं का लाभ नहीं ले पाते। ऐसे में सभी नागरिकों को अपने दस्तावेज सुरक्षित, अद्यतन और व्यवस्थित रखने चाहिए, जिससे आवश्यकता पड़ने पर उन्हें संबंधित अधिकारियों के समक्ष प्रस्तुत किया जा सके।
कार्यक्रम में संबोधित करते हुए कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्देशित किया कि आमजन से प्राप्त होने वाले प्रत्येक आवेदन को गंभीरता से लिया जाए। उन्होंने कहा कि शासन की योजनाओं और सेवाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक निर्धारित समय-सीमा में पहुंचाना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
कलेक्टर ने कहा कि समय पर सेवाएं उपलब्ध कराने से प्रशासन की विश्वसनीयता और महत्व बढ़ता है, जबकि अनावश्यक विलंब से योजनाओं का उद्देश्य प्रभावित होता है और नागरिकों को असुविधा का सामना करना पड़ता है। उन्होंने अधिकारियों से सकारात्मक सोच के साथ कार्य करने और प्रत्येक आवेदन का समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित करने का आह्वान किया।
भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष श्याम शिवहरे ने कहा कि नागरिकों और हितग्राहियों तक शासन की योजनाओं का लाभ पहुंचाना केवल प्रशासनिक दायित्व नहीं, बल्कि एक नैतिक जिम्मेदारी भी है। उन्होंने कहा कि शिविरों का उद्देश्य लोगों की समस्याओं का समाधान उनके द्वार पर करना और पात्र लाभार्थियों को समय पर सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
उन्होंने कहा कि विभिन्न स्थानों पर लगाए जा रहे शिविरों के माध्यम से शासन और प्रशासन की सेवाओं को सीधे जनता तक पहुंचाया जा रहा है, जिससे आम नागरिकों को कार्यालयों के चक्कर लगाने से राहत मिल रही है।
जनपद पंचायत अध्यक्ष प्रीति कमल ठाकुर ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार द्वारा संचालित योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी और मोहन यादव का स्पष्ट संकल्प है कि कोई भी पात्र हितग्राही योजनाओं से वंचित न रहे।
उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल योजनाएं बनाना नहीं, बल्कि उनका प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करना है। इसी दिशा में विभिन्न विभागों द्वारा विशेष अभियान चलाकर पात्र हितग्राहियों को योजनाओं से जोड़ा जा रहा है, जिससे समाज के कमजोर वर्गों को आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण मिल सके।
वरिष्ठ समाजसेवी गोपाल पटेल ने कहा कि प्रशासन लगातार मैदानी स्तर पर कार्य कर रहा है, लेकिन कई बार तकनीकी या दस्तावेजी कारणों से कुछ लोग योजनाओं के लाभ से वंचित रह जाते हैं। ऐसे में समाधान शिविर नागरिकों और प्रशासन के बीच एक प्रभावी सेतु का कार्य कर रहे हैं।
उन्होंने बताया कि इन शिविरों में ग्राम सचिव से लेकर जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी और जिला पंचायत के अधिकारियों तक सभी एक ही स्थान पर मौजूद रहते हैं, जिससे समस्याओं का त्वरित निराकरण संभव हो पाता है।
महेश पटेल ने कहा कि ग्राम पंचायत स्तर पर पटवारी, सचिव और रोजगार सहायक पात्र हितग्राहियों की सूची तैयार करें तथा उन्हें विभिन्न शासकीय योजनाओं से जोड़ने के लिए सक्रिय भूमिका निभाएं।
कार्यक्रम में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी प्रवीण फुलपगारे, एसडीएम सौरभ गंधर्व, जनपद पंचायत सीईओ हलधर मिश्रा सहित अन्य अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों द्वारा पात्र हितग्राहियों को विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत हितलाभ भी वितरित किए गए। संबल योजना के तहत सुहागरानी यादव को दो लाख रुपये का स्वीकृति पत्र प्रदान किया गया। इसके अलावा रमेश असाटी, राजेश सोनी, मनोज अहिरवार सहित अनेक हितग्राहियों को विभिन्न योजनाओं के लाभ वितरित किए गए।
शिविर में मौजूद नागरिकों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि एक ही स्थान पर विभिन्न विभागों के अधिकारियों की उपलब्धता से उनकी समस्याओं का समाधान तेजी से हो रहा है। प्रशासन का यह प्रयास शासन की योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
